पंजाब में आज यानी 30 सितंबर को भारतीय जनता पार्टी की ‘नशामुक्त पंजाब यात्रा’ का समापन जालंधर में होगा। इस मौके पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह जालंधर-लुधियाना हाईवे से सटे परागपुर में एक बड़ी रैली को संबोधित करेंगे। पार्टी इस कार्यक्रम को नशे के खिलाफ अपने अभियान के समापन के साथ-साथ 2027 विधानसभा चुनाव से पहले एक महत्वपूर्ण राजनीतिक कार्यक्रम के तौर पर देख रही है। लेकिन इस से कुछ घंटे पहले सुरक्षा को लेकर गंभीर मामला सामने आया है। बुधवार सुबह जालंधर के कुछ स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी भरा ईमेल मिलने की सूचना है। धमकी भरा मेल जालंधर स्थित कैंब्रिज स्कूल के आधिकारिक ईमेल पते पर पहुंचने की बात सामने आई है।
धमकी भरा ईमेल मिलने के बाद पुलिस को दी सूचना
स्कूल को धमकी भरा ईमेल मिलने के बाद तुरंत इसकी जानकारी जालंधर पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय हो गईं। स्कूल परिसर और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जांच शुरू की गई है।
11:11 बजे स्कूलों को उड़ाने की धमकी का दावा
बताया जा रहा है कि ईमेल में स्कूलों को लेकर धमकी दी गई है। मेल में कथित तौर पर लिखा गया है कि बच्चों को बचा लें और 11:11 बजे स्कूलों को उड़ाने** की धमकी दी गई है।
धमकी की जानकारी सामने आने के बाद स्कूल प्रशासन और अभिभावकों में चिंता का माहौल बन गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और ईमेल की सत्यता तथा इसके स्रोत का पता लगाने की कोशिश की जा रही है।
12:11 बजे देवी तालाब मंदिर को लेकर भी धमकी
इसी ईमेल में जालंधर के श्री देवी तालाब मंदिर को लेकर भी धमकी दिए जाने की बात सामने आई है।खास बात यह है कि आज ही केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का देवी तालाब मंदिर जाने का कार्यक्रम है। अमित शाह मंदिर में माथा टेकने के बाद परागपुर में आयोजित BJP की बड़ी रैली को संबोधित करने वाले हैं।

चार यात्राओं का जालंधर में होगा समापन
BJP ने पंजाब में नशे के खिलाफ चार अलग-अलग यात्राएं शुरू की थीं। इन यात्राओं की शुरुआत 18 सितंबर को पठानकोट के माधोपुर से हुई थी। इसके बाद फतेहगढ़ साहिब, फाजिल्का और तलवंडी साबो से भी यात्राएं रवाना की गईं।
पार्टी के मुताबिक, चारों यात्राओं ने मिलकर करीब 4,000 किलोमीटर का सफर तय किया और पंजाब की सभी 117 विधानसभा सीटों को कवर किया। अब इन यात्राओं का समापन जालंधर में होने जा रहा है।
देवी तालाब मंदिर जाएंगे अमित शाह
रैली से पहले अमित शाह श्री देवी तालाब मंदिर पहुंचेंगे। उपलब्ध कार्यक्रम के मुताबिक वह दोपहर करीब 12:25 बजे मंदिर परिसर के पास बनाए गए हेलीपैड पर पहुंचेंगे। इसके बाद वह मंदिर में पूजा-अर्चना करेंगे और त्रिपुरमालिनी शक्तिपीठ में भी माथा टेकेंगे।
मंदिर में करीब आधा घंटा रुकने के बाद गृह मंत्री रैली स्थल के लिए रवाना होंगे। इसके बाद रैली को संबोधित करने के बाद उनके दिल्ली लौटने का कार्यक्रम है।
परागपुर में बड़े स्तर पर तैयारियां
रैली के लिए परागपुर के पास बड़े क्षेत्र में तैयारियां की गई हैं। अलग-अलग रिपोर्टों में आयोजन स्थल का क्षेत्रफल करीब 50 से 65 एकड़ तक बताया गया है, जबकि पार्किंग के लिए भी अलग जगह रखी गई है। पार्टी की ओर से बड़ी संख्या में समर्थकों के पहुंचने का दावा किया गया है और करीब 2,000 बसों के आने की बात कही गई है।
रैली स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी की गई है। केंद्रीय सुरक्षा बलों और स्थानीय पुलिस की टीमें लगातार जांच कर रही हैं। लोगों को अमित शाह का भाषण सुनाने के लिए पंडाल के अंदर और बाहर LED स्क्रीन लगाने की व्यवस्था की गई है।
BJP नेताओं की नजर 2027 के चुनाव पर
अमित शाह की जालंधर रैली ऐसे समय हो रही है जब पंजाब में 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो रही हैं। BJP के लिए नशे का मुद्दा इस अभियान का प्रमुख हिस्सा रहा है। पार्टी नेताओं का कहना है कि यात्रा के जरिए नशे के खिलाफ जागरूकता बढ़ाने और लोगों को अभियान से जोड़ने की कोशिश की गई है।
BJP नेताओं के बयानों में 2027 के विधानसभा चुनाव का भी लगातार जिक्र हो रहा है। हालांकि, अमित शाह की ओर से आज किसी नई राजनीतिक घोषणा की जाएगी या नहीं, इसकी आधिकारिक पुष्टि कार्यक्रम से पहले नहीं हुई है।
दोआबा पर भी खास फोकस
जालंधर में रैली आयोजित होने को दोआबा क्षेत्र के लिहाज से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। दोआबा में जालंधर, होशियारपुर, कपूरथला और नवांशहर जिले आते हैं और यहां विधानसभा की कई सीटें हैं।
BJP की प्रदेश इकाई 2027 से पहले संगठन को मजबूत करने और अलग-अलग क्षेत्रों में अपनी राजनीतिक मौजूदगी बढ़ाने पर जोर दे रही है। अमित शाह की रैली इसी अभियान का एक प्रमुख कार्यक्रम है।
अकाली दल के साथ गठबंधन पर अभी तस्वीर साफ नहीं
2027 के चुनाव को लेकर BJP और शिरोमणि अकाली दल के बीच संभावित गठबंधन को लेकर भी राजनीतिक चर्चाएं जारी हैं। हालांकि, दोनों दलों की ओर से गठबंधन को लेकर कोई अंतिम आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
इसी बीच BJP की ओर से पंजाब में अपने संगठन और संभावित राजनीतिक विकल्पों को लेकर गतिविधियां जारी हैं। ऐसे में जालंधर रैली में अमित शाह के भाषण पर राजनीतिक नजरें भी रहेंगी।
रैली में क्या होगा?
अमित शाह की रैली में मुख्य रूप से नशे के खिलाफ अभियान, पंजाब की मौजूदा राजनीतिक स्थिति और आगामी विधानसभा चुनाव से जुड़े मुद्दे सामने आ सकते हैं। पार्टी की चारों ‘नशामुक्त पंजाब यात्राओं’ का औपचारिक समापन भी इसी कार्यक्रम में होगा।
BJP के अनुसार, यात्रा ने राज्य की सभी 117 विधानसभा सीटों तक पहुंच बनाने की कोशिश की है। अब जालंधर की इस रैली के जरिए पार्टी अपने अभियान को एक बड़े सार्वजनिक कार्यक्रम के साथ समाप्त करेगी।









