ख़बरिस्तान नेटवर्क : पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर (PoK) में पाकिस्तान सरकार के खिलाफ जारी विरोध-प्रदर्शन अब नियंत्रण रेखा (LoC) तक पहुंचता दिखाई दे रहा है। LoC से करीब 7 किलोमीटर दूर मंधोल गांव में हुए बड़े प्रदर्शन में आयोजकों के मुताबिक करीब 25 हजार लोग शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने LoC हटाने, पुराने रास्तों को खोलने और भारत के जम्मू-कश्मीर से दोबारा संपर्क बहाल करने की मांग उठाई।
LoC हटाने और पुंछ-मेंढर के रास्ते खोलने की मांग
प्रदर्शन का नेतृत्व जम्मू-कश्मीर जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी (JKJAAC) से जुड़े नेता सरदार अमान खान ने किया। सभा के दौरान LoC और उसकी फेंसिंग को हटाने की मांग उठाई गई। प्रदर्शनकारियों ने पाकिस्तान के कंट्रोल को खत्म करने और भारत के पुंछ-मेंढर क्षेत्र से पुराने संपर्क मार्ग खोलने की बात कही।
मंधोल में जुटी भीड़ के बीच पाकिस्तान सरकार और सेना के खिलाफ नारे भी लगाए गए। प्रदर्शनकारियों की ओर से कहा गया कि लंबे समय से उनके अधिकारों और बुनियादी जरूरतों की अनदेखी की जा रही है और अब वे इस व्यवस्था को स्वीकार करने के लिए तैयार नहीं हैं।
राशन और जरूरी सामान की सप्लाई को लेकर भी नाराजगी
प्रदर्शन के दौरान PoK में जरूरी सामान की कथित कमी का मुद्दा भी उठाया गया। प्रदर्शनकारी नेताओं ने आरोप लगाया कि इलाके में लंबे समय से राशन की सप्लाई प्रभावित है, जिसके कारण आम लोगों को आटा और अन्य जरूरी खाद्य सामग्री हासिल करने में परेशानी हो रही है। इन आरोपों का उल्लेख हालिया रिपोर्टों में भी किया गया है।
आंदोलन में अब LoC तक पहुंचने की रणनीति
PoK में कई महीनों से जारी आंदोलन के दौरान अब प्रदर्शनकारियों की मांगों का फोकस LoC पर भी बढ़ता दिखाई दे रहा है। मंधोल की सभा में LoC के पास धरना देने और नियंत्रण रेखा को स्वीकार नहीं करने की बात कही गई। वहीं, प्रदर्शनकारी नेता पाकिस्तान सरकार से अपने अधिकारों, आपूर्ति व्यवस्था और जम्मू-कश्मीर के भारतीय हिस्से से पुराने संपर्क मार्गों को लेकर लगातार मांग उठा रहे हैं।









