ख़बरिस्तान नेटवर्क : फगवाड़ा स्थित लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) में छात्रों के विरोध प्रदर्शन और हिंसा के बाद अब कैंपस के अंदर स्थित Uni Mall में कथित लूटपाट के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। इन वीडियो में कुछ लोग दुकानों के अंदर घुसकर इलेक्ट्रॉनिक सामान, जूते, खाने-पीने की चीजें और अन्य सामान उठाते नजर आ रहे हैं। हालांकि, वीडियो में दिखाई दे रहे सभी लोगों की पहचान अभी स्पष्ट नहीं हुई है और इन वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि भी नहीं हुई है।
दुकानों में घुसकर सामान उठाते दिखे लोग
वायरल वीडियो में कैंपस के Uni Mall की कई दुकानों में लोग घुसते दिखाई दे रहे हैं। कुछ दृश्यों में इलेक्ट्रॉनिक्स और अन्य सामान उठाते हुए लोग नजर आते हैं, जबकि कुछ लोग जूतों की दुकानों में अपनी पसंद और साइज के जूते तलाशते दिख रहे हैं। एक वीडियो में किसी व्यक्ति की आवाज सुनाई देती है, जिसमें कथित तौर पर ‘फ्री में शॉपिंग’ जैसी बातें कही जा रही हैं। दूसरे वीडियो में सामान की ओर इशारा करते हुए लोगों को उसे मुफ्त में लेने की बात करते सुना जा सकता है।
लैपटॉप और मोबाइल समेत कई सामान गायब होने की बात
हिंसा के बाद Uni Mall के दुकानदारों ने सामान चोरी होने और दुकानों में तोड़फोड़ की शिकायत की है। रिपोर्टों के मुताबिक कुछ दुकानों से लैपटॉप, मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, कूरियर का सामान और अन्य वस्तुएं गायब हुई हैं। कुछ दुकानों को भारी नुकसान भी पहुंचा है। एक कंप्यूटर दुकान के संचालक ने बताया कि उनकी दुकान से लैपटॉप और अन्य उपकरण ले जाए गए। पुलिस और यूनिवर्सिटी प्रशासन अब नुकसान का आकलन कर रहे हैं और CCTV फुटेज की मदद से घटनाक्रम में शामिल लोगों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है।
छात्रों ने किया या बाहरी लोग थे? जांच में सामने आएगा सच
वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर यह सवाल भी उठ रहा है कि दुकानों में सामान उठाने वाले लोग LPU के छात्र थे या फिर प्रदर्शन के दौरान मौके पर पहुंचे अन्य लोग। फिलहाल पुलिस ने वायरल वीडियो में दिखाई दे रहे प्रत्येक व्यक्ति की पहचान सार्वजनिक नहीं की है। ऐसे में सोशल मीडिया पर चल रहे दावों के आधार पर सभी आरोपियों को छात्र बताना जल्दबाजी होगी। पुलिस CCTV फुटेज और अन्य सबूतों के आधार पर हिंसा, तोड़फोड़ और कथित लूटपाट में शामिल लोगों की पहचान करने में जुटी है।
पुलिस गाड़ियां क्षतिग्रस्त, कई जवान घायल और SIT गठित
एसएसपी हरविंदर सिंह विर्क के मुताबिक प्रदर्शन के दौरान स्थिति पर काबू पाने की कोशिश कर रहे कई पुलिसकर्मी घायल हो गए और पुलिस के वाहनों को भी भारी नुकसान पहुंचाया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यूनिवर्सिटी परिसर में कथित रेप की घटना की पुष्टि अभी तक नहीं हो सकी है और न ही किसी आरोपी की पहचान हो पाई है। पुलिस ने कई अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज कर ली है और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है।









