UPI चार्ज के विरोध में सड़कों पर उतरी AAP, जालंधर में फूंका PM मोदी का पुतला

नेशनल पेमेंट्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) द्वारा यूपीआई के माध्यम से होने वाले व्यावसायिक लेनदेन पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लागू किए जाने के फैसले के खिलाफ जालंधर में आम आदमी पार्टी ने मोर्चा खोल दिया है।

ख़बरिस्तान नेटवर्क : नेशनल पेमेंट्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) द्वारा यूपीआई के माध्यम से होने वाले व्यावसायिक लेनदेन पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लागू किए जाने के फैसले के खिलाफ जालंधर में आम आदमी पार्टी ने मोर्चा खोल दिया है। आप कार्यकर्ताओं और नेताओं ने सड़कों पर उतरकर केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला भी फूंका गया।

पवन टीनू का केंद्र सरकार पर तीखा हमला
प्रदर्शन का नेतृत्व करते हुए पूर्व विधायक पवन टीनू ने केंद्र सरकार पर सीधा हमला बोला। उन्होंने कहा कि केंद्र ने पहले देशवासियों को डिजिटल ट्रांजैक्शन अपनाने के लिए मजबूर किया और बैंकों को इस दिशा में कड़े निर्देश दिए। अब जब आम जनता और छोटे कारोबारियों को ऑनलाइन भुगतान की आदत पड़ चुकी है, तो उस पर शुल्क थोपा जा रहा है। उन्होंने इस फैसले को सीधे तौर पर जनता की जेब पर डाका और अंतरराष्ट्रीय कंपनियों को फायदा पहुंचाने की साजिश करार दिया।

व्यापारियों के समर्थन में उतरी आम आदमी पार्टी
आप नेताओं ने स्पष्ट किया कि छोटे व्यापारी रोज-रोज सड़कों पर उतरकर धरना-प्रदर्शन नहीं कर सकते, इसलिए आम आदमी पार्टी उनके अधिकारों की रक्षा के लिए मैदान में उतरी है। पवन टीनू ने तर्क दिया कि इस नए शुल्क प्रणाली से छोटे दुकानदारों और कारोबारियों पर भारी आर्थिक बोझ पड़ेगा, जिससे उनका व्यवसाय प्रभावित होगा।

नितिन नवीन के दौरे और नशे के मुद्दे पर घेरा
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के पंजाब दौरे पर तंज कसते हुए आप नेताओं ने कहा कि उन्हें पंजाब के बजाय गुजरात, हरियाणा और बिहार की स्थिति पर ध्यान देना चाहिए। एनसीबी की रिपोर्ट का हवाला देते हुए टीनू ने दावा किया कि देश में सीमावर्ती राज्यों से नशा प्रवेश कर रहा है, जिनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी केंद्र सरकार और उसकी एजेंसियों के पास है। सीमा सुरक्षा के मोर्चे पर भाजपा और केंद्रीय एजेंसियां पूरी तरह विफल साबित हुई हैं।

जानिए क्या है UPI पर शुल्क से जुड़ा पूरा मामला
उल्लेखनीय है कि NPCI के नए दिशानिर्देशों के तहत 15 अक्टूबर 2026 से ₹2,000 से अधिक के चुनिंदा व्यावसायिक (P2M) यूपीआई लेनदेन पर 0.4 प्रतिशत MDR लागू किया जाना प्रस्तावित है, जिसमें ₹75,000 से अधिक के लेनदेन पर अधिकतम ₹300 का कैप तय किया गया है। हालांकि आम जनता के लिए पर्सन-टू-पर्सन (P2P) ट्रांसफर और ₹2,000 तक के व्यावसायिक लेनदेन पूरी तरह नि:शुल्क रहेंगे। इस विरोध प्रदर्शन में वनीत धीर, अमृतपाल, राजविंदर कौर थियाड़ा समेत बड़ी संख्या में आप वालंटियर मौजूद रहे।

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